2 yıl - çevirmek

#नाम के आगे #क्षत्रिय लिख तो कोई सकता है पर #क्षत्रिय होना या बनना सबके बस की बात नही है.
#क्षत्रिय होने का पैमाना सिर्फ #बाहुवली होना नही है .क्षत्रिय धर्म का असली मतलब शक्ति का सही उपयोग और निस्वार्थ दूसरों को अपने से ज्यादा मान सम्मान देना है...
#चेतक महाराणा प्रताप के दिल का टुकड़ा.
#इसलिये जितना सम्मान लोग अपने सगे भाई या पिता को नही दे पाए उतना सम्मान तो #क्षत्रियों ने अपने पालतू जानवरों को दिया ...
ज्यादा कुछ कहने की जरूरत नही है कि क्षत्रिय क्या है ....

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