सुनने में आ रहा है कि झारखण्ड के CM हेमंत सोरेन ने ED के अफसरों पर SC/ST act के अंतर्गत FIR करवा दी है.
इस पर लोग गुस्सा हो रहे हैं.... लेकिन सोरेन जी ने कोई गलत काम नहीं किया... सब कुछ कानून के अनुसार ही किया है.
दूसरी Pic में आप SC/ST act के बारे में पढ़ सकते हैं...इसमें बताये गए Clause Z में साफ लिखा है.. कि अगर कोई किसी SC/ST समूह के सदस्य को उनके घर, गाँव और अन्य निवासी स्थान छोड़ने पर मजबूर कर दे.. तो उस पर इस कानून के तहत कार्यवाही होगी.
अब बताइये इसमें गलत क्या है... ED वालों ने 9 बार सम्मन भेजा सोरेन को... और जब सोरेन ने किसी भी सम्मन का जवाब नहीं दिया.. तो उनके दिल्ली वाले घर पहुंच गए.
बताइये.. ऐसे बिना पूछे किसी के घर जाना कोई अच्छी बात है??
लोग कह रहे हैं कि सोरेन ने ED के सम्मन का जवाब नहीं दिया... अरे भाई हर कोई मुख्यमंत्री दिल्ली वाले की तरह खलिहर थोड़ी होता है... जो हर सम्मन का जवाब देता फिरे??
खैर.
ED वाले सोरेन के घर पर पहुंच गए.. बिचारे सोरेन साहब को घर छोड़ का भागना पड़ा..... ED वाले 36 लाख cash और एक BMW कार भी ले गए.
बताइये... एक तो सोरेन को घर से भगा दिया.. ऊपर से पैसा और गाड़ी भी ले गए.... यह हमारे SC ST मुख्यमंत्री के साथ अन्याय नहीं है क्या??
किसी को पच नहीं रहा कि एक गरीब, पिछड़ा आदमी आगे बढ़ रहा है... अरे कुछ हजार करोड़ खा गए.... कुछ Mines अपने घर परिवार वालों के नाम पर allot कर दी.. तो क्या जुल्म कर दिया?? इतने बरसों तक सताए हुए इंसान को इतना भी हक़ नहीं क्या??
केंद्र सरकार, होम मिनिस्टर, कोर्ट के जज, ED के head और प्रधानमंत्री पर भी SC ST act के तहत FIR होनी चाहिए... सबको जेल में डालो... सरकार को बर्खास्त कर दो 😀😀
वहीं सोरेन जी को अपना वकील भी बदलना चाहिए..... FIR करवा दी है.. लेकिन उसमे जानकारी गलत है. FIR में लिखा है कि सोरेन साहिबगंज से विधायक हैं.. जबकि वह झारखण्ड के बारहेट से विधायक हैं.... इस तरह की गलती से सोरेन जी का मजाक उड़ेगा.... और यह भी SC ST act का उल्लंघन होगा.
सोरेन जी को अपने वकील के खिलाफ भी FIR करवानी चाहिए.