गलवान घाटी में ठंड से ठिठुर रहे हमारे सैनिकों को ये सोलर मिलिट्री टेंट देने के लिए भारतीय इंजीनियर माननीय सोनम वांगचुक को कोटि-कोटि प्रणाम।
जब बाहर का तापमान -14 डिग्री सेल्सियस होता है, तो इन टेंटों के अंदर जहां हमारे सैनिक रहते हैं, तापमान +15 डिग्री सेल्सियस होता है। और सब इको फ्रेंडली..!
इसमें केरोसिन से निकलने वाला कोई धुआं या प्रदूषण नहीं है। वजन भी बहुत हल्का मात्र 30 किलो है। मोड़कर कहीं भी ले जाया जा सकता है।
साथ ही यह "मेड इन इंडिया" है।