यह जयपुर की प्रतिमा है
एक जिम में इसकी मुलाकात जिम ट्रेनर आरिफ से हुई आरिफ ने इसे अपने प्रेम जाल में फसाया जबकि आरिफ पहले से शादीशुदा था
उसके बाद इसे एक मस्जिद में इस्लाम कबूल करवाके मुस्लिम बनाया और इससे निकाह किया
जब इसे पता चला कि आरिफ पहले से शादीशुदा है तब आरिफ इस से कहने लगा कि हमारे धर्म में यह जायज है
क्योकि प्रतिमा मां-बाप की इकलौती लड़की थी इसीलिए इसके पास काफी जायदाद भी था फिर आरिफ इसे बहला फुसलाकर इसकी सभी पैतृक संपत्ति बेच दिया इससे एक बच्ची भी पैदा किया और बाद में इसे और इसकी बच्ची को घर से बाहर निकाल दिया
इसे और इसकी बेटी दोनों को डेंगू हुआ है फिर भी आरीफ इन्हें घर में घुसने नहीं दे रहा
अब यह जयपुर में लावारिस घूम रही है पुलिस के पास गई तो आरिफ कांग्रेस के कुछ मुस्लिम नेताओं से पुलिस स्टेशन में फोन करवा दिया तो पुलिस ने भी इसे पारिवारिक विवाद बताकर कहा कि हम इसमें कुछ नहीं कर सकते
अंत में ठोकर खाता यह महिला बालमुकुंद जी के पास गई और बालमुकुंद जी ने इसका केस दर्ज करवाया
अब यह रो रही है हिंदू धर्म में वापस आने को बात कर रही है और कह रही है कि हिंदू लड़कियों इनसे सावधान रहो
ठोकर खाने के बाद बर्बाद हो जाने के बाद लुट पिट जाने के बाद बलात्कार का शिकार होने के बाद कुछ बच्चे पैदा करने के बाद हिंदू लड़कियों को अकल आती है
और जब पहले कोई इन्हे समझाता है तब कहती हैं तुम नफरती संघी तुम नफरत फैला रहे हो मेरा अब्दुल ऐसा नहीं है
Neeraj Mahajan
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