सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी के पूर्व कुलपति प्रो. हरेराम त्रिपाठी जी एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती बादामी देवी जी की अन्तिम यात्रा हरिश्चन्द्र घाट के लिए प्रारम्भ हो चुकी है।
बाबा विश्वनाथ जी से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को श्रीचरणों में स्थान दें व शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुःख सहन करने की शक्ति।
ॐ शांति शांति!


