14 ساعة - ترجم

जन्म से लेकर बुढ़ापे तक…
क्या आम आदमी सिर्फ टैक्स देने के लिए ही जी रहा है? 🤔
एक बच्चा जन्म लेता है – डायपर पर टैक्स।
स्कूल जाता है – शिक्षा पर टैक्स।
काम पर जाता है – पेट्रोल पर टैक्स।
कमाता है – आय पर टैक्स।
बचत करता है – उस पर भी टैक्स।
बीमा लेता है – उस पर भी टैक्स।
सवाल सिर्फ राजनीति का नहीं है,
सवाल उस मध्यम वर्ग का है जो हर महीने अपनी सैलरी का बड़ा हिस्सा सिस्टम को देता है…
और बदले में उम्मीद करता है बेहतर सड़कें, शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षा।
क्या टैक्स वसूली और सुविधाओं के बीच संतुलन सही है?
क्या आम आदमी को और राहत मिलनी चाहिए?
आपकी क्या राय है —
टैक्स सिस्टम में क्या बदलाव होना चाहिए?
कमेंट में जरूर लिखिए। 👇
#taxsystem #commonman #middleclass #india #parliament #economicdebate #publicvoice

image