चन्द्रहासोज्ज्वलकरा शार्दूलवरवाहना।
कात्यायनी शुभं दद्याद्देवी दानवघातिनी।।
जगज्जननी माँ दुर्गा के षष्ठ स्वरूप, माँ कात्यायनी भक्तों के भय, रोग एवं शोक-संतापों को हरने वाली हैं।
माँ भगवती की कृपा से अखिल संसार का कल्याण हो, हर हृदय में शांति, शक्ति और सद्भाव का वास हो, यही प्रार्थना है।
जय माँ कात्यायनी!