बच्चों को चुप कराने के लिए मोबाइल देना आज आम बात हो गई है, लेकिन एक नई स्टडी ने इसे लेकर गंभीर चिंता जताई है। चंडीगढ़ PGI के शोध में बच्चों के बढ़ते स्क्रीन टाइम को उनके विकास से जोड़कर देखा गया है।
✔️ 68% बच्चों ने 18 महीने की उम्र से पहले स्क्रीन देखना शुरू कर दिया।
✔️ लगभग हर तीसरा बच्चा रोजाना 1 घंटे से ज्यादा स्क्रीन देख रहा है।
✔️ ज्यादा स्क्रीन टाइम वाले बच्चों में विकास संबंधी समस्याओं का जोखिम अधिक पाया गया।
✔️ कम स्क्रीन टाइम वाले बच्चों में संवाद और सीखने की क्षमता बेहतर दिखी।
✔️ विशेषज्ञों ने 18 महीने तक बच्चों को स्क्रीन से दूर रखने की सलाह दी है।
✔️ बच्चों के विकास में माता-पिता का समय और सहभागिता सबसे अहम बताई गई।
बच्चों का शुरुआती बचपन उनके मानसिक, सामाजिक और भावनात्मक विकास की नींव तैयार करता है। विशेषज्ञों के अनुसार, मोबाइल स्क्रीन की जगह बातचीत, कहानियां, खेलकूद और परिवार के साथ बिताया गया समय बच्चों के स्वस्थ विकास के लिए अधिक फायदेमंद माना जाता है।