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11 साल की जुड़वां बेटियों की ह"त्या के बाद जेल में खुद की ग"र्दन का"टी! आरोपी पिता बोला - "मुझे कोई पछतावा नहीं" 😱⚖️
कानपुर का यह मामला पूरे देश को झकझोर देने वाला है। 48 वर्षीय शशि रंजन मिश्रा, जो अपनी 11 साल की जुड़वां बेटियों ऋद्धि और सिद्धि की ह"त्या के आरोप में जेल में बंद है, ने जेल के अंदर आ"त्महत्या की कोशिश कर सनसनी फैला दी। अधिकारियों के अनुसार उसने स्टील की थाली को घिसकर धारदार बनाया और उससे अपना ग"ला काटने की कोशिश की। साथी कैदियों और जेल कर्मियों की सतर्कता से उसकी जा"न बच गई और उसे तुरंत अ"स्पताल में भर्ती कराया गया।
इस मामले ने पहले ही लोगों को स्तब्ध कर दिया था। अप्रैल में कानपुर के नौबस्ता क्षेत्र स्थित घर में जुड़वां बेटियां मृ"त पाई गई थीं। पुलिस के अनुसार, शशि रंजन मिश्रा ने खुद पुलिस को फोन कर घटना की सूचना दी थी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। जांच में सामने आया कि दोनों बच्चियों की ह"त्या धारदार हथियार से की गई थी।
जेल में आ"त्महत्या की कोशिश के बाद आरोपी के बयान ने लोगों को और हैरान कर दिया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक उसने कहा कि उसे अपने किए पर कोई पछतावा नहीं है और यदि उसे फांसी की सजा भी मिलती है तो वह स्वीकार करेगा। वहीं पूछताछ में उसने आर्थिक तंगी, मानसिक तनाव और भविष्य को लेकर डर जैसी बातें भी बताईं। दूसरी ओर, जेल अधिकारियों ने यह जांच शुरू कर दी है कि आखिर उसने थाली को हथियार में कैसे बदल लिया।
यह घटना केवल एक आपराधिक मामला नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य, पारिवारिक तनाव और समाज में बेटियों को लेकर सोच पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है। 😔💔
👉 क्या आपको लगता है कि मानसिक तनाव किसी भी हाल में ऐसी घटना का कारण बन सकता है? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं। 👇

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