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"जंतर मंतर पर छात्रों को बारिश से बचाने के लिए अभिजीत दीपके को दिल्ली पुलिस के सामने पैरों में पड़कर तिरपाल लगाने की गुहार लगानी पड़ी।

इससे ज़्यादा शर्मनाक और क्या होगा।"