2 yrs - Translate

इसे छत्तीसगढ़ में तेंदू फल कहते हैं।
अदर इस्टेट में क्या कहते हैं ?
इसे खाने के क्या फायदे हैं।

image
2 yrs - Translate

बचपन का समय कई मजेदार किस्सों से भरा होता है, तभी लोग अपने बचपन के दिनों को याद करके बहुत हंसते हैं और खुश होते हैं।
बचपन की यादों में एक कहानी इस हाथ से चलाए जाने वाले पंखे की भी है। पहले के जमाने में जब इतनी सुख सुविधाएं नहीं थी और बिजली भी बहुत कम आती थी। तब बच्चों को सुलाने के लिए बड़े इसकी हवा देते थे।
आजकल तो सबके यहां कुलर, पंखे और एसी आ गई है और ये पंखा कहीं गायब सा हो गया है। पर फिर भी गांवों के कुछ घरों में ये आज भी देखने को मिल सकता है।

image
2 yrs - Translate

बचपन का समय कई मजेदार किस्सों से भरा होता है, तभी लोग अपने बचपन के दिनों को याद करके बहुत हंसते हैं और खुश होते हैं।
बचपन की यादों में एक कहानी इस हाथ से चलाए जाने वाले पंखे की भी है। पहले के जमाने में जब इतनी सुख सुविधाएं नहीं थी और बिजली भी बहुत कम आती थी। तब बच्चों को सुलाने के लिए बड़े इसकी हवा देते थे।
आजकल तो सबके यहां कुलर, पंखे और एसी आ गई है और ये पंखा कहीं गायब सा हो गया है। पर फिर भी गांवों के कुछ घरों में ये आज भी देखने को मिल सकता है।

image
2 yrs - Translate

बचपन का समय कई मजेदार किस्सों से भरा होता है, तभी लोग अपने बचपन के दिनों को याद करके बहुत हंसते हैं और खुश होते हैं।
बचपन की यादों में एक कहानी इस हाथ से चलाए जाने वाले पंखे की भी है। पहले के जमाने में जब इतनी सुख सुविधाएं नहीं थी और बिजली भी बहुत कम आती थी। तब बच्चों को सुलाने के लिए बड़े इसकी हवा देते थे।
आजकल तो सबके यहां कुलर, पंखे और एसी आ गई है और ये पंखा कहीं गायब सा हो गया है। पर फिर भी गांवों के कुछ घरों में ये आज भी देखने को मिल सकता है।

imageimage

image

image

image

imageimage

image

image