Ontdekken postsOntdek boeiende inhoud en diverse perspectieven op onze Ontdek-pagina. Ontdek nieuwe ideeën en voer zinvolle gesprekken
#कुली नंबर36 हूं, इज्जत का खाती हूं, बच्चों को बनाऊंगी अफसर, 45 मर्दों के बीच अकेली कुली है संध्या !..
“भले ही मेरे सपने टूटे हैं, लेकिन हौसले अभी जिंदा है। जिंदगी ने मुझसे मेरा हमसफर छीन लिया, लेकिन अब बच्चों को पढ़ा लिखाकर फौज में अफसर बनाना मेरा सपना है। इसके लिए मैं किसी के आगे हाथ नहीं फैलाऊंगी। कुली नंबर 36 हूं और इज्जत का खाती हूं।” यह कहना है 31 वर्षीय महिला कुली संध्या का। महिला कुली को देखकर हैरत में पड़ जाते हैं लोग मध्य प्रदेश के कटनी रेलवे स्टेशन पर कुली संध्या प्रतिदिन बूढ़ी सास और तीन बच्चों की अच्छी परवरिश का जिम्मा अपने कंधो पर लिए, यात्रियों का बोझ ढो रही है। रेलवे कुली का लाइसेंस अपने नाम बनवाने के बाद बड़ी से बड़ी चुनौतियों का सामना करते हुए साहस और मेहनत के साथ जब वह वजन लेकर प्लेटफॉर्म पर चलती है तो लोग हैरत में पड़ जाते हैं और साथ ही उसके जज्बे को सलाम करने को मजबूर भी !
रूबिका लियाकत ज़ी न्यूज़ छोड़ती है फट से "एबीपी न्यूज़" ने आफर किया और उनको वहां दूसरे दिन नौकरी मिल गई।
सुधीर चौधरी ज़ी न्यूज़ छोड़ता हैं , फट से "आजतक" ने आफर किया और उनको वहां दूसरे दिन नौकरी मिल गई।
चित्रा त्रिपाठी सुबह "आजतक" छोड़ कर शाम में "एबीपी न्यूज़" ज्वाइन करती हैं और अगली सुबह फिर "आजतक" ज्वाइन कर लेती हैं।
ऐसे ही सुशांत सिन्हा साल भर ट्विटर पर ज़हर उगलता रहा उसे टाइम्स आफ इंडिया ने नौकरी पर रख लिया।
देश के जितने ज़हरीले पत्रकार हैं सब सुबह नौकरी छोड़ते हैं, शाम को दूसरी जगह नौकरी पा जाते हैं।
देश के सबसे लोकप्रिय और विश्वसनीय पत्रकार रवीश कुमार BBC HINDI पर यह स्वीकारते हैं कि
"पिछले 2 महीने में एक भी मीडिया समूह का उनके पास नौकरी तो छोड़िए एक फोन भी नहीं आया।"
कौन यह सब कंट्रोल कर रहा है ?
यदि आपको स्थिति समझ में नहीं आ रही तो आप अंधे बहरे और मानसिक विक्षप्त हैं।
वाया सोशल मीडिया