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#अंकिता_भण्डारी हत्या मामले में पकड़े गए आरोपियों की लोगों ने की जमकर सुताई किया ऐसा हाल

#justiceforankita

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Stand Out Your Product With Custom Display Boxes | #display Boxes # Custom Display Boxes #cardboard Display Boxes # Display Boxes Wholesale #display Packaging # Display Boxes for retails

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मैं सनातन हूँ , मैं आदि अनंत हूँ !
#हर____हर___महादेव

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ट्रेलर देखकर ही रौंगटे खड़े हो जाएंगे, फ़िल्म को कहर ही ढहा देगी🚩

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निशब्द हूँ।स्तब्ध हूँ।लिखने में हाथ काँप रहे हैं।मगर जो ख़बर आ रही है वो हृदय विदारक है। अंकिता हैवानों की हैवानियत की शिकार हो गई।

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एक यादव IAS अधिकारी जो इतिहासकार भी हैं, के द्वारा लिखा गया कटु सत्य,,,,,,,_
मै ब्राम्हणों का बहुत सम्मान करता हूँ, इसलिए इस सत्य को सभी से साझा करने से, अपने आप को रोक नहीं पाया।_
ब्राह्मणों ने समाज को तोड़ा नही अपितु जोडा है।

ब्राम्हणों ने विवाह के समय समाज के सबसे

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प्रयागराज में मंगेतर के सामने ही वसीम , जिकिया और मासूक ने युवती से की छेड़छाड़।

पीड़िता गिड़गिड़ाती रही पर दबंग छेड़ते रहे।

SSP बोले , होगी कठोर कार्रवाई।

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इस फ़िल्म को हिट कराना है मित्रो 🙏

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रतन टाटा को PM मोदी ने दी बड़ी जिम्मेदारी, बनाए गए PM Care Fund के ट्रस्टी

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#सत्यविचार??
एक सुपर स्टार थे .. राजेश खन्ना। शूटिंग के बाद रात तीन बजे तक स्काच पीते थे। चार बजे खाना खाते थे। शूटिंग होती थी सुबह दस बजे, पहुंचते थे, शाम चार बजे । एक दिन एक बहुत स्वाभिमानी निर्माता ने कहा काका घड़ी देख रहो हो । घमंड से चूर काका ने कहा-हम नहीं घड़ी हमारा टाइम देखती हैं हमारी घड़ी 5 लाख की है और चश्मा तीन लाख का पैसा बहुत था फेंकते भी बहुत थे ।।
निर्देशक ने बिना शूटिंग किए पैकअप किया और बोले जो वक्त की इज्ज़त नहीं करता वक्त उन्हें सबक सिखा देता है। एक समय ऐसा भी आया जब काका के पास वक़्त ही वक़्त था। ना फिल्में थीं, न शूटिंग थी, ना बीवी थी, ना बच्चे थे और न ही पैक अप कहने वाला। चमचों के साथ अपनी पुरानी फिल्मों को देख कभी खुश होते तो कभी रोते रहते। सभी साथ छोड़ गए। अकेले पीकर और दो कौर खाकर लुढ़क जाना ही उनकी नियति बन गयी थी और बाकी की कहानी सब जानते है।
ये वक़्त है जो सबका आता है लेकिन हमेशा के लिये नहीं। समय और भाग्य अगर आपके साथ नही हैं तो आपकी कीमत दो कौड़ी की है। हो सकता है कर्म और पुरुषार्थ की भी कोई महत्ता हो लेकिन कर्म करने के लिए आप जिंदा भी रहेंगे या नहीं ये आपका भाग्य तय करता है आपका पुरुषार्थ नहीं।
अच्छे समय को भरपूर जियें लेकिन बुरे वक्त के लिए भी तैयार रहें। आपके बुरे वक्त में कोई आपके साथ हो न हो अपने अच्छे समय मे आप किसी को मत दुत्कारिये। विनम्रता अच्छे समय की पूंजी है और अहंकार आपके अच्छे समय को असमय ही खत्म कर देने वाला हथियार
ये एक शाश्वत सत्य है जो सब पर बराबर लागू होता है!!

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