जन साधारण के जीवन का अपने शब्दों के माध्यम से सजीव चित्रण करने वाले महान उपन्यासकार #मुंशी_प्रेमचंद_जी की #जयंती पर कोटि-कोटि नमन...🙏🙏
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जन साधारण के जीवन का अपने शब्दों के माध्यम से सजीव चित्रण करने वाले महान उपन्यासकार #मुंशी_प्रेमचंद_जी की #जयंती पर कोटि-कोटि नमन...🙏🙏
अदम्य साहस के परिचायक, भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रांतिकारी #सरदार_उधम_सिंह_जी की #पुण्यतिथि पर उन्हें सादर नमन...🙏💐
कहानी - सत्य घटना पर आधारित
महोदया, आप 'मेकअप' क्यों नहीं करती...✍️
अध्यापिका सुश्री रानी सोयामोई... कॉलेज के छात्रों से बातचीत करती हैं।
उन्होंने कलाई घड़ी के अलावा कोई आभूषण नहीं पहना था।
सबसे ज्यादा छात्रों को आश्चर्य हुआ कि उन्होंने 'फेस पाउडर' का भी इस्तेमाल नहीं किया।
भाषण अंग्रेजी में था। उन्होंने केवल एक या दो मिनट ही बोला, लेकिन उनके शब्द दृढ़ संकल्प से भरे थे।
फिर बच्चों ने उन से कुछ प्रश्न पूछे।
प्रश्न: आपका नाम क्या है?
मेरा नाम रानी है, सोयामोई मेरा पारिवारिक नाम है। मैं ओडिशा की मूल निवासी हूँ।
...और कुछ पूछना है?
दर्शकों में से एक दुबली-पतली लड़की खड़ी हुई।
"पूछो, बच्चे..."
"महोदया, आप मेकअप क्यों नहीं करतीं?"
अध्यापक का चेहरा अचानक पीला पड़ गया। उनके पतले माथे पर पसीना आ गया। उनके चेहरे की मुस्कान फीकी पड़ गई। दर्शक अचानक चुप हो गए।
उन्होंने टेबल पर रखी पानी की बोतल खोली और थोड़ा पानी पिया। फिर उसने धीरे से छात्र को बैठने का इशारा किया।
फिर वह धीरे से बोलने लगी।
"तुमने एक परेशान करने वाला प्रश्न पूछा है। यह ऐसा प्रश्न है जिसका उत्तर एक शब्द में नहीं दिया जा सकता। मुझे उत्तर में तुम्हें अपनी जीवन कहानी सुनानी है। मुझे बताओ कि क्या तुम मेरी कहानी के लिए अपने कीमती दस मिनट निकालने को तैयार हो?"
"तैयार..."
मेरा जन्म ओडिशा के एक आदिवासी इलाके में हुआ था। कलेक्टर ने रुककर दर्शकों की ओर देखा।
"मेरा जन्म कोडरमा जिले के आदिवासी इलाके में एक छोटी सी झोपड़ी में हुआ था, जो _'मीका'_ खदानों से भरा हुआ था।
हमारे बचपन का टीवी में चलने वाला सबसे पसंदीदा शो जिसको बच्चे क्या बड़ों की नजर पड़ जाती थी। वो भी देखने लग जाते ये दोनो शो सिर्फ संडे को आया करता था। इस दोनों शो की ऐसी दीवानगी थी कि सब कुछ छोड़कर इसे ही देखने में लग जाते थे और खुद को उस शो में खो जाते थे फील करते की काश हम भी शक्तिमान की तरह उड़ पाते और साकालाका बूम बूम वाली पेंसिल हमे मिल जाती हम पूरी दुनिया पर राज करते। अपने घर में television था नहीं तो दूसरे लोगों के घर में देखने के लिए चले जाते थे उसके बाद वापस आने पर मार पड़ती थी उसका मजा भी अलग था।
तो आपलोग भी बताये किस किस के साथ ऐसा हुआ है।
पूरा पढ़ने के लिए आप सभी का धन्यवाद माता रानी आपकी हर मनोकामना पूरी करे
सभी लोग लाइक और कमेंट करके जाएगा दोस्तों।