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नौका न भवति चेत् नाविकेन किं प्रयोजनम्?
नौकायां सत्यामपि नाविकः न भवति चेत् तया (नौकया) किं प्रयोजनम्? !
नौका ही नहीं होगी तो नाविक का क्या (प्रयोजन ) कार्य ? नौका को चलाने वाला नाविक ही नहीं होगा तो उस (नौका) का क्या (प्रयोजन ) कार्य ? !
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आप सभी को जैन धर्म के 24वें तीर्थंकर भगवान महावीर की पावन जयंती की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं!
संपूर्ण विश्व को सत्य, अहिंसा, करुणा का मार्ग दिखाने वाले भगवान महावीर जी की शिक्षाएं समूची मानवता के लिए प्रेरणा हैं।
#mahavirjayanti?
उत्तरप्रदेश में भी "बेशर्म जमावड़ा पलटन ( बीजेपी /BJP)" की सरकार है , माननीय न्यायालय की इस टिप्पणी से शायद ही कोई फर्क पड़ेगा 'बेशर्मों' को ! .. पूर्व में भी कई दफा माननीय न्यायालय ने तल्ख़ टिप्पणियाँ की हैं उत्तरप्रदेश की शासन - व्यवस्था के संदर्भ में , कोई फर्क नहीं पड़ा ..
द्रष्टव्य है कि अनेकों मामलों में माननीय न्यायालय की मनाही के बावजूद , न्यायालय के आदेशों व् दिशा - निर्देशों की अवहेलना कर जबरन बुलडोज़र चलाए गए उत्तरप्रदेश में और बुलडोजर चलाए जाने की दमनात्मक कार्रवाई को जायज बताया गया .. संवैधानिक - कानूनी प्रावधानों का निरंतर उल्लंघन ही बीजेपी के शासन का मॉड्यूल है , जो देश की लोकतांत्रिक - संवैधानिक व्यवस्था के लिए खतरा है ...
: रोहिणी आचार्य Dr. Rohini Acharya
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'गवर्नर हाउस' का मतलब भाजपा का एक्सटेंशन ऑफिस ..
तमिलनाडु के राज्यपाल महोदय के संदर्भ में माननीय सर्वोच्च न्यायालय के द्वारा की गयी ये टिप्पणी तमाचा है भाजपा नीत केंद्र सरकार को, जिसने पिछले ग्यारह सालों में राज्यपालों का इस्तेमाल ही किया है सिर्फ गैर - भाजपा शासित प्रदेशों की सरकारों को अस्थिर करने , उनके विधायी - सरकारी क्रियाकलापों में अड़ंगा लगाने के लिए ..
पिछले ग्यारह सालों में मोदी सरकार ने गैर - भाजपा शासित प्रदेशों में ऐसों को ही राज्यपाल बना कर भेजा , जिन्होंने संवैधानिक प्रावधानों - परम्पराओं को सिरे से नजरअंदाज कर भाजपा के इशारे पर खुले तौर पर चुनी हुई सरकारों को नुकसान पहुँचाने और पक्षपातपूर्ण अनर्गल बयानबाजी से तनिक भी संकोच नहीं किया ..
राज्यपाल पद की गरिमा जैसे पिछले ग्यारह सालों में गिरी है , वैसी आजादी के बाद से कभी नहीं गिरी, आज के दौर में गैर - भाजपा शासित के 'राज - निवास ( गवर्नर हाउस )' का मतलब भाजपा का एक्सटेंशन ऑफिस ..