Знакомьтесь сообщенийИзучите увлекательный контент и разнообразные точки зрения на нашей странице «Обнаружение». Находите свежие идеи и участвуйте в содержательных беседах
महाकुंभ में जिगर का टुकड़ा सबसे छोटा नागा सन्यासी🥰
💯नाम है गोपाल गिरी🔥♨️✊
ईश्वर गोपाल गिरी पर कृपा बनाए रखना🙏🙏
गोपाल मात्र 10 साल के है हाड़ कंपा देने वाली ठंड में बिना कपड़ों के रहते हैं पांव में चप्पल नहीं पैदल चलते हैं लोग हैरान हो रहे इतने छोटे नागा सन्यासी को देखकर हम तो ऐसे सन्यासी को बारंबार प्रणाम और सैल्यूट करते ❤️😍🔥♨️👏
गंगा मैया गोपाल गिरी को अपने ममतामई आंचल का सहारा देना🙏
कटु सत्य दुनिया पागल रहती है नए वर्जिन मोबाइल,गाड़ी और फैशनेबल छोकड़ी की,
लगता है चहल भाई को कुछ ऐसा ही चस्का लग गया है🤗😆😌
यजुवेंद्र चहल के पास दौलत थी, शोहरत थी, इज्जत थी क्रिकेटिंग वर्ल्ड में ग्लोबल पहचान थी। स्त्री फिर भी इसकी ना हो पाई और छोड़ गई .! आखिर स्त्री चाहती क्या है ये उसको भी नहीं पता। सच्चाई यह है कि ज्यादा बेहतर की तलाश में रहने वाला जीव दुनिया में कही का नहीं रह पाता।
इस धरती पर #माँ से बड़ा कोई योद्धा नहीं होता
खरीद लिया करो इनसे बिन भाव के साहब ये लोग अमीरी के लिए नहीं 2 वक्त की रोटी के लिए यहां बैठे हैं
कुछ कहानियां दिल को छू जाती है पढ़िए फौजी और उसकी बेस्ट फ्रेंड की शानदार कहानी..
इसे कहते है कसक ओर चाहत
ट्रेन चलने को ही थी कि अचानक कोई जाना पहचाना सा चेहरा जर्नल बोगी में आ गया। मैं अकेली सफर पर थी। सब अजनबी चेहरे थे। स्लीपर का टिकिट नही मिला तो जर्नल डिब्बे में ही बैठना पड़ा। मगर यहां ऐसे हालात में उस शख्स से मिलना। जिंदगी के लिए एक संजीवनी के समान था।
जिंदगी भी कमबख्त कभी कभी अजीब से मोड़ पर ले आती है। ऐसे हालातों से सामना करवा देती है जिसकी कल्पना तो क्या कभी ख्याल भी नही कर सकते ।
वो आया और मेरे पास ही खाली जगह पर बैठ गया। ना मेरी तरफ देखा। ना पहचानने की कोशिश की। कुछ इंच की दूरी बना कर चुप चाप पास आकर बैठ गया। बाहर सावन की रिमझिम लगी थी। इस कारण वो कुछ भीग गया था। मैने कनखियों से नजर बचा कर उसे देखा। उम्र के इस मोड़ पर भी कमबख्त वैसा का वैसा ही था। हां कुछ भारी हो गया था। मगर इतना ज्यादा भी नही।
फिर उसने जेब से चश्मा निकाला और मोबाइल में लग गया।
चश्मा देख कर मुझे कुछ आश्चर्य हुआ। उम्र का यही एक निशान उस पर नजर आया था कि आंखों पर चश्मा चढ़ गया था। चेहरे पर और सर पे मैने सफेद बाल खोजने की कोशिश की मग़र मुझे नही दिखे।
मैंने जल्दी से सर पर साड़ी का पल्लू डाल लिया। बालो को डाई किए काफी दिन हो गए थे मुझे। ज्यादा तो नही थे सफेद बाल मेरे सर पे। मगर इतने जरूर थे कि गौर से देखो तो नजर आ जाए।
सर्दियों में गोंद खाने से शरीर गर्म रहता है। 🙏👏
गोंद से हड्डियां मजबूत होती हैं और हार्ट से संबंधी बीमारियों का खतरा कम होता है। आपको डाइट में गोंद जरूर शामिल करना चाहिए। गोंद खाने से शरीर को मिलते हैं ढेरों फायदे, सर्दियों में इस तरह करे गोंद का सेवन...
सर्दियों में गोंद के लड्डू, पंजीरी और चिक्की लोग खूब खाते हैं। गोंद खाने में स्वादिष्ट होता है और इससे शरीर को ढ़ेरों फायदे मिलते हैं। बबूल का गोंद खाने में सबसे ज्यादा इस्तेमाल किया जाता है। आयुर्वेद में कई दवाओं में गोंद का इस्तेमाल किया जाता है। दवाओं की बाइंडिंग में भी गोंद सहायक होता है। पेड़ के तने से जब रस निकलने लगता है और ये सूख जाता है तो गोंद बन जाता है। सूखने पर ये भूरा रंग का और काफी कड़ा हो जाता है। आप जिस पेड़ का गोंद खाएंगे उसके औषधीय गुण भी गोंद में आते हैं। ठंड में आपको गोंद का सेवन जरूर करना चाहिए।
कीकर या बबूल का गोंद- ज्यादातर लोग बबूल का गोंद ही इस्तेमाल करते हैं। ये बहुत पौष्टिक होता है। खाने में, लड्डू और पंजीरी बनाने में बबूल का गोंद अच्छा होता है।
नीम का गोंद- अगर आप नीम के गोंद का सेवन करते हैं तो इससे खून की गति बढ़ती है और स्फूर्ति आती है। कई औषधियों में नीम के गोंद का इस्तेमाल किया जाता है।
पलाश का गोंद- हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए पलाश के गोंद का उपयोग किया जाता है। पलाश के 1 से 3 ग्राम गोंद को मिश्री वाले दूध या आंवले के रस के साथ खाने से बल और वीर्य की वृद्धि होती है।
गोंद खाने के फायदे:
1. जो लोग सुबह गोंद और आटे से बने लड्डू खाकर दूध पीते हैं उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है।
2. गोंद से बनी चीजें खाने से हार्ट की बीमारियों का खतरा कम होता है और मांसपेशियां मजबूत बनती हैं।
3. बच्चे के जन्म के बाद महिलाओं को गोंद के लड्डू खिलाए जाते हैं। इससे दूध ज्यादा बनता है।
4. गर्भवती महिलाओं के लिए गोंद फायदेमंद माना जाता है। इससे रीढ़ की हड्डी मजबूत बनती है।
5. गोंद खाने से शरीर में ताकत आती है और सर्दियों में गर्माहट लाने के लिए इसका इस्तेमाल किया जाता है।
इस तरह करें गोंद का सेवन:
1. आप गोंद को आटे की पंजीरी में मिलाकर खा सकते हैं। इसके लिए भुना आटा, मखाने, सूखे मेवे और चीनी को भुने हुए गोंद के साथ मिक्स करके पंजीरी बना लें।
2. नारियल का पाउडर, सूखे खजूर, खसखस के दाने, बादाम और गोंद को घी में भूनकर लड्डू बना सकते हैं।
3. ठंड में आप गोंद से चिक्की भी बना सकते हैं। ये चिक्की भी सर्दियों में काफी फायदेमंद होती है।
4. सर्दियों में गोंद के लड्डू खाने में बहुत टेस्टी लगते हैं। आप आटे वाले लड्डू या किसी दूसरे लड्डू में इसका इस्तेमाल कर सकते हैं।
5. गोंद को देशी घी में भूनकर फूला बनाकर उसमें गर्म पानी और पिसी हुई मिश्री मिलाकर पेजी बनाकर पीने से शारीरिक कमजोरी दूर होती है।
6. गोंद भूनते वक्त इस बात का ध्यान रखें कि गोंद ज्यादा जले नहीं और कच्चा भी न रहे... गोंद को हमेशा गैस की फ्लेम कम करके ही भूनें।
जय हिन्द जय भारत 🇮🇳🫡
साभार सोशल मीडिया 👏