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अपार प्यार और समर्थन के लिए
फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र की जनता जनार्दन का दिल की गहराईयों से हार्दिक आभार एवं धन्यवाद
आज आप सबने दिखा दिया है कि अब परिवर्तन निश्चित तौर पर होने जा रहा हैं...
मैं आपको विश्वास दिलाता हूं
जिस तरह से आज आपने मेरे पर विश्वास जताया है मैं आपके मान सम्मान में कोई कमी नहीं आने दूंगा...
विराट कोहली ने कहा, माँ समझती है मैं पिछले 8-9 साल से बीमार हूं। उसे नहीं पता कि मैं फिटनेस मेंटेन कर रहा हूं। माँ मुझे हर रोज फोन करती है और कहती है कि तू कमजोर लग रहा है। खाने में क्या सब खाया? मां मेरी बहुत केयर करती है। उनका होना मेरे लिए ऊपरवाले की सबसे बड़ी ब्लेसिंग है। इसके बाद विराट कोहली ने कहा मेरे लिए माँ का ख्याल रखना सबसे ज्यादा जरूरी है। माँ की खुशियां ही मेरे लिए सबकुछ हैं। जो छोटी से छोटी चीज मेरी माँ को खुश करती है, वही मुझे भी खुशी देती है। मेरे लिए माँ से बढ़कर इस दुनिया में कुछ भी नहीं है। विराट कोहली ने 17 साल की उम्र में अपने पिता को खो दिया था।
विराट के पिता प्रेम कोहली का 2006 में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया था। पिता की मृत्यु की खबर मिलने के बावजूद युवा कोहली रणजी ट्रॉफी में दिल्ली के लिए बल्लेबाजी करने उतरे। उन्होंने 80 रन बनाकर कर्नाटक के खिलाफ दिल्ली के लिए फॉलोऑन बचा दिया। उस मैच में ईशांत शर्मा भी विराट के साथ खेल रहे थे। उन्हें नहीं पता था कि विराट के पिता का निधन हो गया है। विराट को सीरियस देखकर उन्होंने सिर पर टपली मारते हुए पूछा कि क्या हुआ? विराट खामोश रहे। ईशांत को दूसरे खिलाड़ी ने सच बताया। ईशांत ने कहा कि पिता के जाने के बाद विराट ने माँ की खुशियों की खातिर सबकुछ किया। विराट कोहली जैसा बेटा किस्मत से मिलता है। Tension को मेंशन कर पिता के निधन के बावजूद बल्लेबाजी करने उतरे विराट कोहली के जज्बे पर अपनी राय बताएं।