Entdecken BeiträgeEntdecken Sie fesselnde Inhalte und vielfältige Perspektiven auf unserer Discover-Seite. Entdecken Sie neue Ideen und führen Sie bedeutungsvolle Gespräche
डॉक्टर और डायग्नोस्टिक सेंटरों के बीच कथित 'रेफरल कमीशन' का मुद्दा एक बार फिर संसद में गूंजा।
राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने आरोप लगाया कि कुछ डॉक्टरों और डायग्नोस्टिक सेंटरों के बीच रेफरल के बदले कमीशन, 'कट मनी' और अन्य इंसेंटिव का नेटवर्क चल रहा है। उनके मुताबिक, कई डायग्नोस्टिक सेंटर इन भुगतानों को अपने खातों में 'मार्केटिंग खर्च' के रूप में दिखाते हैं, जबकि इसका आर्थिक बोझ आखिरकार मरीजों पर पड़ता है।
उन्होंने दावा किया कि ऐसी व्यवस्था के कारण कई बार मेडिकल बिल 15–20% तक बढ़ सकते हैं और अनावश्यक टेस्ट व जरूरत से ज्यादा रेफरल की प्रवृत्ति भी बढ़ती है। साथ ही, कुछ मामलों में डॉक्टरों को विदेशी यात्राओं जैसी सुविधाएं दिए जाने का भी आरोप लगाया।
यदि ऐसे आरोप सही हैं, तो यह केवल स्वास्थ्य सेवाओं की लागत का नहीं, बल्कि मरीजों के भरोसे, मेडिकल एथिक्स और पारदर्शिता का भी गंभीर सवाल है। इस विषय पर निष्पक्ष जांच और प्रभावी नियमन की जरूरत पर भी चर्चा तेज हो गई है।
आपकी क्या राय है—क्या डॉक्टरों और डायग्नोस्टिक सेंटरों के बीच रेफरल सिस्टम को लेकर सख्त और पारदर्शी नियम बनाए जाने चाहिए?
झांसी के पूंछ थाना क्षेत्र में हुए दर्दनाक सड़क हादसे में माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद और उसके दोस्त सोनू की मौ"त हो गई। दोनों जिस क्रेटा कार में सवार थे, वह दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हा"दसे के बाद पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
बताया जा रहा है कि अबान की मौ"त की खबर जैसे ही झांसी जेल में बंद उसके भाई अली तक पहुंची, वह भावुक हो गया और रो पड़ा। परिवार के लिए यह घटना बड़ा सदमा बनकर सामने आई है।
वहीं, फोरेंसिक टीम ने दुर्घटनाग्रस्त क्रेटा कार की बारीकी से जांच की। टीम ने कार से कुछ किताबें और अन्य सामान जब्त कर उन्हें जांच के लिए अपने कब्जे में लिया है। पुलिस हादसे के कारणों का पता लगाने में जुटी है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। फिलहाल, मामले में आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर की जाएगी।