वामन अवतारः तीन पग में नापा ब्रह्मांड❤️🙏🚩
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वामन अवतारः तीन पग में नापा ब्रह्मांड❤️🙏🚩
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भारतीय मूल की गणितज्ञ प्रोफेसर नलिनी जोशी को 2025 का न्यू साउथ वेल्स (NSW) साइंटिस्ट ऑफ द ईयर चुना गया है। यह पहली बार है जब किसी गणितज्ञ को यह सर्वोच्च राज्य स्तरीय वैज्ञानिक सम्मान मिला है।
सिडनी के गवर्नमेंट हाउस में आयोजित समारोह में यह सम्मान उन्हें प्रदान किया गया। नलिनी जोशी वर्तमान में यूनिवर्सिटी ऑफ सिडनी में एप्लाइड मैथमेटिक्स की चेयर हैं और विश्वविद्यालय की पहली महिला गणित प्रोफेसर भी रही हैं।
उनका शोध क्वांटम क्रिप्टोग्राफी पर केंद्रित है, जो भविष्य की डिजिटल सुरक्षा के लिए बेहद अहम माना जा रहा है। नलिनी जोशी का मानना है कि क्वांटम युग को सुरक्षित रखने में गणित की भूमिका निर्णायक होगी।
यह सम्मान भारतीय मूल की प्रतिभाओं की वैश्विक वैज्ञानिक नेतृत्व में बढ़ती भूमिका को दर्शाता है।
भारत में ई-कॉमर्स और क्विक-कॉमर्स की रफ्तार तेज़ है, लेकिन फुलफिलमेंट आज भी एक बड़ी चुनौती बना हुआ है। इसी समस्या का समाधान कर रहा है वेयरहाउसिंग और फुलफिलमेंट स्टार्टअप Edgistify , जिसने हाल ही में 1.4 मिलियन डॉलर की फंडिंग जुटाई है।
इस फंडिंग राउंड की अगुवाई दुबई स्थित वेंचर कैपिटल फंड NB Ventures और ग्लोबल सप्लाई चेन एक्सपर्ट राजेश रणावत ने की है. इस राउंड में PhysicsWallah के को फाउंडर प्रतीक महेश्वरी, CGO विवेक गौड़, अडानी ग्रुप के पूर्व CHRO विक्रम टंडन और कई स्ट्रैटेजिक एंजल इनवेस्टर्स ने भी निवेश किया है.
AI-समर्थित EdgeOS के ज़रिए Edgistify ब्रांड्स को तेज़, भरोसेमंद और स्केलेबल फुलफिलमेंट देने पर काम कर रहा है, खासकर टियर-2 और टियर-3 शहरों में।
उत्तर प्रदेश के बागपत जिले की बेटी रुपल राणा ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2023 में 26वीं रैंक हासिल की और IAS बनीं। यह सफलता सिर्फ एक रैंक नहीं, बल्कि संघर्ष, धैर्य और कभी हार न मानने वाले जज़्बे की कहानी है।
रुपल ने बागपत के स्कूल से पढ़ाई की और हाई स्कूल में 10 CGPA हासिल किया। आगे की पढ़ाई के लिए वह दिल्ली यूनिवर्सिटी के देशबंधु कॉलेज पहुंचीं, जहां वह यूनिवर्सिटी टॉपर रहीं। बचपन में मां को खोने का दर्द उनके जीवन का सबसे कठिन मोड़ था, लेकिन दिल्ली पुलिस में ASI रहे पिता जसवीर राणा उनका सबसे बड़ा सहारा बने।
यूपीएससी में पहले दो प्रयासों में असफलता मिली, लेकिन रुपल रुकी नहीं। हर गलती से सीखा, रणनीति बदली और तीसरे प्रयास में अपना सपना पूरा किया।
रुपल राणा की कहानी उन लाखों युवाओं के लिए उम्मीद है जो कठिन हालात में भी बड़े सपने देखते हैं।
राजस्थान के बीकानेर में आयोजित अंतरराष्ट्रीय ऊंट उत्सव के पहले ही दिन एक ऐसा नज़ारा देखने को मिला, जिसने सबका ध्यान खींच लिया।
बीकानेर के युवा पवन व्यास Pawan Vyas ने अब तक की सबसे लंबी पगड़ी बांधकर नया विश्व रिकॉर्ड बना दिया। लक्ष्मीनाथ मंदिर परिसर में पवन ने पूरे 2025 फीट लंबी पगड़ी महज 22 मिनट 38 सेकंड में बांध दी। इस ऐतिहासिक पल को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और हर कोई इस अनोखे कारनामे का गवाह बना।
पवन व्यास इससे पहले भी 1475 फीट की पगड़ी बांधकर रिकॉर्ड बना चुके हैं।
उन्होंने बताया कि साल 2025 को खास बनाने के लिए उनके मन में 2025 फीट की पगड़ी बांधने का विचार आया और ऊंट उत्सव से बेहतर मौका उन्हें नहीं लगा। पवन का कहना है कि साफा राजस्थान की शान, परंपरा और पहचान है, इसलिए वे इसे दुनिया के सामने अलग अंदाज़ में पेश करना चाहते थे। उनके परिवार में भी साफा बांधने की परंपरा पीढ़ियों से चली आ रही है।
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Indian Army sol****r Pramod Parshuram Jadhav tragically ****d in a motorcycle accident just hours before his daughter was born. His wife, who had given birth shortly after his death, attended his funeral on a stretcher holding their newborn baby. The sol****r was given full military honours, and the incident has left the village and nation deeply emotional. #chatgpt #businesshours #seattleseahawks #extendedhours #fridaymotivation #sportsbook #businessannouncement #fridayevent #weekendevents #radioshow
राजस्थान के माउंट आबू में अचलेश्वर महादेव मंदिर है, जहाँ शिवलिंग नहीं बल्कि भगवान शिव के पैर के अंगूठे की पूजा होती है। मान्यता है कि नंदीवर्धन पर्वत हिल रहा था, तब शिवजी ने अपने अंगूठे से उसे स्थिर कर दिया। मंदिर के नीचे एक प्राकृतिक गड्डा है, जिसे पाताल तक जाने वाला माना जाता है। कहा जाता है कि आज भी पूरा माउंट आबू पर्वत उसी अंगूठे पर टिका है। 🕉️⛰️