image

imageimage
15 hrs - Translate

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू से मुलाकात की
राष्ट्रपति के सम्मान में आयोजित डिनर में राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया, सीएम मान व कैबिनेट मंत्री रहे मौजूद
#president #draupadimurmu #cmbhagwantmann #governor

image
15 hrs - Translate

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू से मुलाकात की
राष्ट्रपति के सम्मान में आयोजित डिनर में राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया, सीएम मान व कैबिनेट मंत्री रहे मौजूद
#president #draupadimurmu #cmbhagwantmann #governor

image
15 hrs - Translate

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू से मुलाकात की
राष्ट्रपति के सम्मान में आयोजित डिनर में राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया, सीएम मान व कैबिनेट मंत्री रहे मौजूद
#president #draupadimurmu #cmbhagwantmann #governor

imageimage

image

image
15 hrs - Translate

मुद्दे गायब हैं, बस कुर्सी की लड़ाई जारी है। जनता आज भी वहीं खड़ी है जहाँ कल थी। 🚶‍♂️🚶‍♀️
#socialreality #politics #commonman

image

image
15 hrs - Translate

आज सोशल मीडिया पर बार-बार कहा जाता है कि भारत “दुनिया का सबसे बड़ा कर्ज़दार” है। लेकिन सच्चाई इससे बिल्कुल अलग है। IMF के आंकड़ों के अनुसार दुनिया में सबसे ज्यादा कर्ज़ अमेरिका पर है, उसके बाद चीन और जापान आते हैं। इन देशों पर भारत से कई गुना ज्यादा कर्ज़ है।
भारत का कुल सरकारी कर्ज़ इन बड़े देशों की तुलना में काफी कम है। इतना ही नहीं, भारत की अर्थव्यवस्था लगातार बढ़ रही है, टैक्स कलेक्शन बढ़ा है और इंफ्रास्ट्रक्चर पर निवेश हो रहा है। कर्ज़ लेना अपने आप में गलत नहीं होता, सवाल यह होता है कि कर्ज़ का इस्तेमाल कहां और कैसे किया जा रहा है।
भारत आज कर्ज़ लेकर मुफ्त की रेवड़ियां नहीं बांट रहा, बल्कि सड़क, रेलवे, रक्षा, डिजिटल और रोजगार के लिए खर्च कर रहा है। इसलिए जो लोग अधूरी जानकारी के आधार पर भारत को बदनाम करते हैं, उन्हें पहले पूरे आंकड़े देखने चाहिए और फिर बोलना चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह पोस्ट सार्वजनिक रूप से उपलब्ध आंकड़ों और सामान्य जानकारी पर आधारित है। किसी को गुमराह करना उद्देश्य नहीं है।

image