मेरठ में दलित माँ की हत्या और उसकी बेटी को उठाकर ले जाने का मामला सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि सिस्टम की शर्मनाक नाकामी है।
भाजपा सरकार ने अपराधियों को इतना संरक्षण दे दिया है कि अब वही अपराधी सत्ता के सबसे बड़े राज़दार बन चुके हैं। इसलिए सरकार चाहकर भी पीछे नहीं हट सकती।
जब दलितों की जान की कोई कीमत न बचे,
जब बेटियाँ सुरक्षित न हों,
और जब सरकार से उम्मीद ही खत्म हो जाए—
तो समझ लीजिए हालात इससे बदतर कुछ नहीं हो सकते।